चैन सिंह असवाल सम्पादक
जिद्दी कलम
उत्तरकाशी
विकासखंड डुंडा की दूरस्थ ग्राम पंचायत पटूडी और ढुंगलधार के नवयुवकों ने ग्राम गोरसाडा उत्तरकाशी की दीपिका नौटियाल पिता की वापसी की मुहिम में तैंतीस हजार रूपए की सहयोग राशि देकर मानवता के धर्म को निभाया।
ग्राम पंचायत पटूडी और ढुंगलधार के नवयुवक जो अधिकांश देश विदेश में अपनी जीवन यापन हेतु कार्य कर रहे हैं उन सभी ने मानवता के धर्म को सर्वोपरि रखते हुए अपने परिवार से 8-9 वर्षों से दूर विदेश की धरती सऊदी अरब में फंसे इंद्रमणि नौटियाल की वापसी हेतु उनकी पुत्री दीपिका नौटियाल के द्वारा पिता वापसी की मुहिम में अपना सहयोग देते हुए कुछ सहयोग राशि दीपिका नौटियाल को प्रदान की ।
उपरोक्त दोनों ग्राम सभाओं के नवयुवकों का कहना है कि हम दीपिका नौटियाल उनके परिवार के दर्द को समझ सकते हैं कि विदेश में अपनों की यादें ही एकमात्र सहारा होती है।
दीपिका नौटियाल का कहना है कि उनके पिता इंद्रमणि नौटियाल विगत 8 वर्ष पूर्व सऊदी अरब में अपने परिवार के जीवन यापन हेतु गए थे जो वहां पर एक कंपनी में ड्राइवर की नौकरी कर रहे थे लेकिन उनके द्वारा किसी वाहन दुर्घटना में उन पर वहां की सरकार ने मुकदमा करते हुए 2 करोड़ 18 लख रुपए की धनराशि का जुर्माना लगाया है जो वह सऊदी अरब सरकार को नही अदा कर पाने की वजह से उनके पिता के स्वदेश वापसी पर प्रतिबंध लगाया गया है। उनका कहना है कि हम एक गरीब परिवार से है जो जुर्माना सऊदी अरब सरकार ने उनके पिता पर लगाया है वह हमारे द्वारा अदा करना बहुत कठिन है इसलिए सभी से मेरे द्वारा सोशल मीडिया पर सहयोग की अपील की गई थी जिसका सकारात्मक परिणाम भी मिलता नजर हुआ आ रहा है जगह-जगह से उन्हें सहयोग का आश्वासन और सहयोग भी दिया जा रहा है ग्राम पंचायत पटूडी और ढुंगलधार के नवयुवक के सहयोग पर दीपिका नौटियाल ने सभी को सहयोग करने हेतु धन्यवाद अदा करते हुए कहा कि हमें अब धीरे-धीरे अपने पिता की वापसी की किरण जगती जागती हुई नजर आ रही है।
ग्राम पंचायत के नवयुवकों द्वारा एकत्रित की गई धनराशि को चैन सिंह असवाल के द्वारा दीपिका नौटियाल के निवास स्थान गोरसाडा में पहुंचकर प्रदान की गई।
